इज्जत चली जाये तो वापस नहीं आती | Hindi Story Moral | Best Hindi Story | Meri Kahaniya

Hindi Story Moral : मेरा नाम अक्षरा है मैं बड़ी हैरान थी क्योंकि मेरी मजबूरियां मुझे जहां पर लेकर गई थी वह कोई मामूली जगह नहीं थी बल्कि एक ब्यूटी पार्लर था ब्यूटी पार्लर में काम करना कोई गलत बात नहीं है क्योंकि अक्सर औरतें ब्यूटी पार्लर में काम करती हैं लेकिन मैं जिस ब्यूटी पार्लर में गई थी वहां की मालकिन मुझे बड़े गौर से देख रही थी उसने मुझसे कहा कि मेरे पास लड़कियों की खूबसूरती बढ़ाने की एक क्रीम आई हुई है 

मगर अभी तक मैं मैंने उसे किसी पर आजमाया नहीं है इस क्रीम का असर देखने के लिए उसे मेरी जरूरत थी और उस क्रीम को लगाने के बदले वह मुझे ₹ लाख देने का बोल रही थी इतने ज्यादा पैसे तो मैंने अपनी जिंदगी में कभी नहीं देखे थे जितने गरीब हम लोग थे उस हिसाब से तो यह पैसे हमें अमीर बना सकते थे मैं बड़ी हैरान हो गई थी मुझे पहले ही इस औरत की बातें बड़ी अजीब सी लग रही थी और इसकी बातों में एक अजीब तरह की घुटन महसूस हो रही थी इसके पार्लर के हालात देखकर लगता था 

वह भी गरीबी का शिकार है मगर वह औरत तो मुझे ₹ लाख देने को कह रही थी इसका मतलब यह था कि वह मेरी तरह गरीब नहीं हो सकती मैं अंदर ही अंदर घबराहट का शिकार हो रही थी मेरी समझ नहीं आ रहा था कि मैं क्या करूं मेरे हालात ऐसे बन गए थे कि मैं यहां पर नौकरी करने के लिए मजबूर हो गई थी पैसे सुनकर तो मेरा मन कर रहा था कि अभी नौकरी पर लग जाऊं पर पता नहीं क्यों मेरा दिल नहीं मान रहा था कि मैं यह सब कुछ ठीक भी कर रही हूं या नहीं मुझे लगा कि वह मुझे धोखा देने वाली है 

यह कोई फ्रॉड औरत होगी मगर उसकी अगली बात ने मेरे होश उड़ा दिए थे उसकी बात सुनकर तो मुझे अपने कानों पर विश्वास नहीं हो रहा था मैं हक्का बक्का सी होकर इस औरत के चेहरे को देख रही थी मैं उसके पास नौकरी मांगने के लिए आई थी मैं बहुत खूबसूरत और जवान लड़की थी मेरी उम्र सिर्फ 25 साल ही थी मैं गरीब फैमिली की मजबूर लड़की थी मेरे पापा हमें इस दुनिया से छोड़कर जा चुके थे हमारा कोई भाई भी नहीं था 

पापा के मरने के बाद सारे रिश्तेदारों ने भी हमसे रिश्ते नाते तोड़ दिए थे कहते हैं ना कि माता-पिता का साया होना बहुत जरूरी होता है जिनके सर पर माता-पिता का साया नहीं होता दुनिया वाले उसे रौन देते हैं समझते हैं कि उनका इस दुनिया में कोई नहीं है यही वजह थी कि हमारे रिश्तेदारों ने भी मेरे पापा के मरने के बाद हम तीनों बेटियों और मेरी मम्मी को बेसहारा छोड़ दिया था किसी ने भी हमारा मुश्किल समय में साथ नहीं दिया था घर के हालात दिन बदिरा थे मेरी दो बहनें थी

 एक बहन की उम्र 18 साल थी और दूसरी बहन की उम्र 22 साल थी लेकिन मुझे तो समय ने मेरी उम्र से ज्यादा बड़ा कर दिया था मेरे लिए नौकरी करना एक बहुत बड़ी मजबूरी बन गया था अगर मैं ऐसा ना करती तो शायद मेरी मम्मी का इलाज नहीं हो पाता और मेरी तरह मेरी बहनों की पढ़ाई भी अधूरी रह जाती क्योंकि पिछले 4 साल से मैं पढ़ाई नहीं कर पा रही थी जब से मेरे पापा बीमार हुए थे तभी से ही मेरी मम्मी ने मुझे घर में बैठा लिया था उनका कहना था कि मैं बड़ी हूं मुझे घर की जिम्मेदारियों को समझना चाहिए 

 

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और अब अपनी पढ़ाई को यहीं पर ही रोक देना चाहिए मेरी दोनों छोटी बहनें तो बहुत ज्यादा जिद्दे थी उनको पढ़ाई करने का कोई शौक भी नहीं था इसलिए दोनों ही एंटर करने के बाद घर पर बैठ गई थी उन दोनों ने दोबारा पढ़ने की कोशिश तक नहीं की थी फिर फाइनली घर के बिगड़ते हुए हालातों को देखकर मुझे ही आगे कदम बढ़ाना पड़ा था मैं जहां पर भी नौकरी ढूंढने के लिए जाती वहां मेरी खूबसूरती बीच में आ जाती थी क्योंकि मैं बहुत खूबसूरत थी हर जगह मेरी खूबसूरती की कीमत लगने लगी थी

 मेरा गोरा चिट्टा रंग और खूबसूरत शरीर अच्छे-अच्छे लोगों को मेरी तरफ खींच लाता था लेकिन मैं कोई गलत लड़की नहीं थी मैं गरीब जरूर थी पर मैंने कभी अपने दिमाग में अपनी खूबसूरती का घमंड नहीं पा ला था मैं तो बल्कि अपनी खूबसूरती से तंग आ गई थी हमारा साथ देने वाला कोई नहीं था इस दुनिया में हम चार बेसहारा औरतें बड़ी मुश्किल से अपना गुजारा कर रहे थे मेरी मम्मी को हम तीनों बहनों की बहुत फिक्र सताती थी कि ना जाने पापा के मरने के बाद यह दुनिया हम तीनों बहनों के साथ क्या अत्याचार करेगी 

क्योंकि जिन लड़कियों पर पिता या भाई का साया नहीं होता उनकी इज्जत बड़ी नाजुक होती है लोग उनकी इज्जत का किसी भी तरह से फायदा उठाना चाहते हैं मु मुझे भी अपनी इस खूबसूरती को देखकर डर लगने लगा था कि कहीं मैं किसी मुसीबत में ना फंस जाऊं मेरी मम्मी तो मेरी दोनों छोटी बहनों को घर से बाहर निकलने ही नहीं देती थी और मैं उन दोनों से समझदार भी थी इसलिए घर की सारी जिम्मेदारियां मुझे ही निभानी थी और कोई था ही नहीं जो हमारा सहारा बनता मैं घर की सबसे बड़ी बेटी थी

 इसलिए घर को तो मुझे ही चलाना था मेरी मम्मी की तबीयत ज्यादा खराब रहने लगी थी इसलिए एक बहन मम्मी की सेवा में लगी रहती थी और सबसे छोटी वाली बहन को कुकिंग करने का बहुत शौक था इसलिए वह घर के सारे काम करती थी और खाना भी बनाया करती थी मेरे पापा हमें हायर स्टडी करवाना चाहते थे वह चाहते थे कि उनकी बेटियां पढ़ लिखकर किसी काबिल बने मेरे पापा चाहते थे कि मैं डॉक्टर बनूं पर शायद हालात को ऐसा कुछ भी मंजूर नहीं था अब जो हालात चल रहे थे उसमें मुझे अपनी दोनों छोटी बहनों की टाइम पर शादी कर देना ही बेहतर लगा था 

मुझे अपनी फिक्र नहीं थी मेरा रिश्ता तो मेरे पापा के सामने ही तय हो गया था मेरे पापा ने मेरा रिश्ता हमारे पड़ोस में ही रहने वाले रितेश के साथ करवा दिया था रितेश और मैं एक ही मोहल्ले में रहने वाले थे इसलिए बचपन से ही हमने एक दूसरे को देखा था और हम दोनों एक साथ ही स्कूल में पढ़े हुए थे रितेश के पापा ने मेरे पापा से हम दोनों के रिश्ते की बात की थी क्योंकि मैं बहुत खूबसूरत थी इसलिए उन्होंने जल्द से जल्द अपने बेटे के साथ मेरा रिश्ता करवाना बेहतर समझा था 

 इससे हम दोनों के बीच गहरी मोहब्बत हो गई थी रितेश की फैमिली में उसके सिर्फ मम्मी पापा ही थे कोई भाई या बहन नहीं था कभी-कभी उसकी मम्मी हमारे घर आ जाया करती थी और हमारे साथ बहुत अच्छे तरीके से बिहेव करती थी हम दोनों ही खूबसूरत थे और एक दूसरे को अच्छे तरीके से जानते थे और हमारे भाग्य भी जुड़ चुके थे रितेश और मैं बहुत ऊंचे सपने देखते थे हम दोनों का शुरू से ही सपना था कि हम अपने पेरेंट्स की तरह गरीबी भरी जिंदगी नहीं गुजारेंगे रितेश बहुत मेहनती लड़का था

 दूसरे देश जाकर लाखों रुपए कमाना उसका सपना था अपनी स्टडी कंप्लीट करते ही रितेश दुबई काम करने के लिए चला गया था हालांकि मेरे पापा जब बीमार थे तो वह चाहते थे कि उनके जीते जी ही मेरी और रितेश की शादी कर दी जाए लेकिन रितेश ने मुझे बहला फुसलाकर उनसे शादी के लिए इंकार करवा दिया कि मैं अभी शादी नहीं करना चाहती क्योंकि वह अभी शादी करने के लिए तैयार ही नहीं था कुछ महीने बाद मेरे पापा की डेथ हो गई 

उसके बाद भी हमारे कुछ रिश्तेदारों ने और मेरी मम्मी ने रितेश से शादी करने के लिए कहा था सब मेरी मम्मी का बोझ हल्का करना चाहते थे हालांकि रितेश के मम्मी पापा ने भी उस पर शादी करने के लिए जोर दिया था मगर रितेश शादी करने के बाद अपने सपनों को अधूरा नहीं छोड़ना चाहता था मैं भी अब शादी नहीं करना चाहती थी रितेश से मोहब्बत अपनी जगह थी लेकिन मैं अपनी मम्मी और अपनी बहनों को अकेला नहीं छोड़ सकती थी इसलिए लिए रितेश और मेरी मर्जी के साथ यह शादी रोक दी गई थी 

रितेश कुछ महीनों बाद दुबई काम करने के लिए चला गया इस तरह से हम दोनों की फैमिली मायूस होकर बैठ गई थी रितेश अपने पेरेंट्स का इकलौता बेटा था अपने घर के हालात बेहतर करने के लिए मैंने भी कई जगह पर नौकरी तलाश की और अपनी किस्मत को आजमाना चाहा था मेरी स्टडी इतनी भी कम नहीं थी कि मुझे नौकरी नहीं मिलती लेकिन मेरी खूबसूरती ही मेरी खुशकिस्मती बन रही थी मुझे कहीं पर सेक्रेटरी की नौकरी मिलती तो कहीं पर रिसेप्शनिस्ट की ऑफर की जाती या फिर मेरी खूबसूरती की कीमत लगाई जाती थी

 लेकिन मैं कोई गलत लड़की नहीं थी मैं खुद को रितेश की अमानत समझती थी ऐसे हालातों में मैं कोई ऐसा वैसा काम नहीं करना चाहती थी जो बाद में मुझे रितेश से दूर करने पर मजबूर कर दे मुझे किसी फ्रेंड ने एक पार्लर में जॉब करने के बारे में बताया लेकिन मैं पार्लर का काम तो जानती ही नहीं थी इसलिए मैं पार्लर में काम कैसे कर सकती थी मैंने अपनी फ्रेंड को इंकार कर दिया था मेरी फ्रेंड ने कहा तुम जब वहां पर जॉब करोगी तो वह तुम्हें जॉब करने के साथ-साथ वहां का सारा काम भी सिखा देंगी

 उसकी टेंशन तुम मत लो एक बार तुम वहां जाकर जॉब के लिए ट्राई तो करो मेरी फ्रेंड ने बताया कि पार्लर की मालकिन मेरी पुरानी जानने वाली है उन्हें लड़की की तलाश है पार्लर का काम वह खुद करेंगे बस उन्हें एक हेल्पर की जरूरत है तुम पार्लर का काम भले ही नहीं जानती लेकिन हेल्पर बनकर उनके साथ हेल्प करवा सकती हो और धीरे-धीरे फिर तुमसे भी काम आ जाएगा मेरी फ्रेंड ने उस औरत के नरम बिहेवियर की बहुत तारीफ की थी मेरी फ्रेंड ने मुझे उसका एड्रेस दे दिया था 

इसलिए मैं अपने दोस्त के कहने पर उस पार्लर में पहुंच गई यह जगह मुझे बड़ी हैरान कर गई थी इतनी पुरानी जगह पर यह पार्लर बना हुआ था और इतनी अंदर बना हुआ था कि किसी कस्टमर को खबर भी ना हो कि इस जगह पर कोई पार्लर भी चल रहा है मुझे लगा कि शायद इस पार्लर में कोई उम्रद औरत होगी जिसने यहां अपना पार्लर खोला होगा क्योंकि कि आजकल कोई भी समझदार लड़की ऐसी जगह पर अपना पार्लर नहीं खोल सकती मगर जब मैं पार्लर के अंदर गई तो पार्लर की मालकिन को देखकर मुझे शॉक लग गया था 

वह बेहद खूबसूरत और स्टैंडर्ड औरत थी उसे देखकर ऐसा लग रहा था कि वह काफी हाई एजुकेटेड और अच्छी फैमिली से बिलोंग करती है मगर जिस जगह पर उसका पार्लर बना हुआ था वह जगह बड़ी अजीब सी थी उस औरत ने मुझसे मेरी मजबूरी और मेरी परेशानी भरे हालात की कहानी सुनी तो वह अफ सोस करने लगी कहने लगी कि तुम फिक्र मत करो तुम अगर मेहनत करोगी तो लाखों रुपए कमा सकती हो वह मुझे गहरी नजरों से देख रही थी मैंने महसूस किया कि उसकी नजरें मेरे शरीर पर ही टिकी हुई थी

 वह मुझे बार-बार घूर घूर कर देख रही थी मुझे उसकी नजरें बहुत अजीब लग रही थी किसी भी मर्द का मुझे इस तरह से एक टूक देखना यह तो कोई नॉर्मल बात थी क्योंकि कोई भी मर्द मेरी खूबसूरती देखकर अपनी नजर मुझसे हटा ही नहीं पाता था मगर मगर वह तो औरत होकर मुझे इतनी गहरी नजरों से देख रही थी मैं तो घबरा गई मैंने ढीले ढाले और पूरे कपड़े पहने हुए थे ना जाने वह मुझे क्यों इतना घूर रही थी मैंने उससे सवाल किया कि आप मुझे काम पर रख सकती हो या नहीं मैं जल्द से जल्द उसका जवाब सुनकर वहां से जाना चाहती थी 

व औरत मुस्कुरा कर मुझसे कहने लगी मुझे तो तुम जैसी खूबसूरत लड़की की ही जरूरत है तुम फिक्र मत करो मैं तुम्हें काम पर रख चुकी हूं वो मेरी खूबसूरती की बहुत तारीफ कर रही थी मुझे आईडिया हो गया था कि वह मेरी खूबसूरती के बिना पर ही मुझे नौकरी देने पर तैयार हुई है क्योंकि मैं पार्लर का कोई काम नहीं जानती थी और दूसरी बात यह भी कि उसने पार्लर से रिलेटेड तो मुझसे कोई भी सवाल ही नहीं किया था मुझे यह बात बहुत अजीब लग रही थी वह मुझसे कहने लगी कि घबराओ मत मैंने अपने पार्लर में हमेशा औरतों को खूबसूरत करने के लिए अच्छे-अच्छे प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल किया है 

अभी कुछ दिन पहले ही मैंने विदेश से एक बहुत ही अच्छी क्रीम मंगवाई है जो कि औरतों को खूबसूरत बना देगी लेकिन वह क्रीम कस्टमर पर लगाने से पहले मैं उसको किसी पर ट्राई करना चाहती हूं क्योंकि मैं उस क्रीम को डायरेक्ट कस्टमर पर अप्लाई नहीं कर सकती अगर कुछ गड़बड़ हो गई तो मेरा यह पार्लर बंद हो सकता है मुझे इसके लिए एक ऐसी लड़की चाहिए थी जो बहुत खूबसूरत हो तुम तो पहले ही बहुत खूबसूरत हो और अच्छी भी हो तुम मेरी क्रीम को ट्राई करने के लिए बेस्ट रहोगी इसीलिए मैं तुम्हें नौकरी पर रख रही हूं व औरत कहने लगी इस क्रीम से तुम्हारी खूबसूरती में और ज्यादा बढ़ावा हो जाएगा 

और मैं अपने कस्टमर को यही बताऊंगी कि क्रीम तुम पर आजमाई गई है मैंने कहा ठीक है अगर मेरी खूबसूरती इस काम के लिए इस्तेमाल हो रही थी तो मुझे कोई ऐतराज नहीं था मुझे लगा कि इस पार्लर से मेरी मंथली सैलरी सिर्फ छ या 000 ही होगी मगर मैं इसमें भी खुश थी क्योंकि कुछ ना होने से इतने पैसे आना भी मेरे लिए बहुत बड़ी बात थी मगर उस औरत की अगली बात पर मुझे झटका लगा था वह कहने लगी तुम्हें मेरी क्रीम इस्तेमाल करने के बदले ₹ लाख दिए जाएंगे मैं ₹ लाख जैसी बड़ी रकम के बारे में सुनकर शॉक्ड रह गई थी

 एक नॉर्मल सी क्रीम लगाने के बदले वह औरत मुझे ₹ लाख देने के लिए तैयार थी मैं नहीं समझ पाई थी कि वह इतनी बड़ी रकम क्यों देना चाहती थी मेरी हैरानी पर वह कहने लगी मैंने खूबसूरती वाली क्रीम अभी किसी पर ट्राई नहीं की तुम पहली बार इस्तेमाल करोगी तो हो सकता है कि तुम्हारी खूबसूरती पर दाग भी लग जाए और ऐसा भी हो सकता है कि तुम्हारी खूबसूरती पहले से ज्यादा बढ़ जाए इसलिए सोच समझकर जवाब देना तुम्हें खतरा मोल लेना होगा अगर तुम मुझ पर भरोसा करके यह काम करना चाहो तो इसकी कीमत ₹ लाख ही होगी वह औरत मुझसे कहने लगी कि फिक्र मत करो

 मैं कभी गलत प्रोडक्ट इस्तेमाल नहीं करती मैं दुबई की एक बहुत बड़ी कंपनी से प्रोडक्ट्स ऑनलाइन मंगवा हूं मुझे और क्या चाहिए था मैं उस औरत की बात मान गई थी ₹ लाख के बारे में सुनकर तो वैसे भी मेरी आंखें खुल गई थी इसके लिए तो मैं खतरा भी मोल लेने के लिए तैयार थी ₹ लाख कमाने के बदले में मैं अपनी बहनों की अच्छी और धूमधाम से शादी कर सकती थी और अपनी मम्मी का भी इलाज करवा सकती थी मुझे सबसे पहला ख्याल रितेश का आया था वह मेरी यह बात सुनकर खुश हो जाता और ऐसा करने से फ्यूचर में उसकी कुछ हेल्प भी हो जाती

 मैंने उस औरत से कह दिया कि मैं नौकरी करने के लिए तैयार हूं अगर मेरी खूबसूरती पर दाग भी लग जाए तो कोई बात नहीं मुझे कोई फर्क नहीं पड़ता मेरे लिए पैसे ही जरूरी हैं मैं वैसे भी अपनी खूबसूरती से तंग आ चुकी थी मुझे रितेश भी हमेशा यही एहसास दिलाता था कि वह मेरी खूबसूरती से नहीं बल्कि मुझसे प्यार करता है वह मुझे बहुत प्यार करता था मैं रितेश पर बहुत भरोसा करती थी इसलिए मुझे अपनी खूबसूरती पर दाग लगने का कोई अफसोस नहीं था वो औरत मुझे अपने पार्लर में रखे गए कुछ प्रोडक्ट्स के बारे में बताने लगी

 मगर उसकी एक बात ने मेरे होश उड़ा दिए थे मैं हक्का बक्का सी उसे देख रही थी उस औरत ने मुझे बताया कि उसके पार्लर में मर्द भी आते हैं जो कि बॉडी मसाज करवाने की भारी कीमत देते हैं उसके इस छोटे से पार्लर में बहुत सारे मर्द अपनी बॉडी ट्रीटमेंट लेने के लिए आते थे

 

मुझे तो इस पार्लर की हालत देखकर नहीं लग रहा था कि यह इतना फेमस पार्लर हो सकता है लेकिन वह मेरे सामने अपने पार्लर की इतनी तारीफ कर रही थी जिसे सुनकर मैं चौक गई थी इस पार्लर में कुछ लड़कियां बैठी हुई थी जो कस्टमर आने का इंतजार कर रही थी लेकिन मेरे सामने तो कोई कस्टमर आया ही नहीं था 

 

मुझे उस औरत के पैसे कमाने का तरीका तो पता चल गया था उसने बताया था कि यहां पर जितने भी अमीर मर्द आते हैं वह साथ में अपने घर की लेडीज को भी लेकर आते हैं जिससे उसको काफी प्रॉफिट होता है क्योंकि अमीर लोगों से वह ज्यादा पैसे लेती है मगर मैं यह नहीं समझ पाई थी उसने इतनी अजीब और छोटी सी जगह में अपना एक खुफिया पार्लर क्यों बनाया हुआ था वह चाहती तो कि इसी भीड़-भाड़ वाले एरिया में भी अपना पार्लर बनाकर बैठ सकती थी जहां उसके पास और ज्यादा कस्टमर आते मगर मैंने उसे ज्यादा सवाल जवाब नहीं किए थे 

मैं तो नौकरी के बारे में ही सुनकर खुश हो गई थी मैं जब घर वापस आई और मैंने रितेश से कॉल पर बात की तो मैंने उसको अपने काम के बारे में बताया व मेरी बात सुनकर कहने लगा कि सोच समझकर काम करना ऐसा ना हो कि सच में तुम्हारी खूबसूरती पर दाग लग जाए मुझे तुम्हारे खूबसूरत होने या ना होने से फर्क नहीं पड़ता

 

 

मगर ऐसा ना हो कि व नुकसान बर्दाश्त करने काबिल ना हो वह कहने लगा तुम मेरी अमानत हो मैं तुम्हारा नुकसान बर्दाश्त नहीं कर पाऊंगा मैं परेशान हो गई मैंने रितेश को बताया कि मैं तो मंथली सैलरी ₹ लाख के बारे में सुनकर ही खामोश हो गई थी अगर तुम कहोगे तो मैं उस औरत को इंकार कर दूंगी 

मेरे लिए रितेश का साथ सबसे जरूरी था रितेश भी ₹ लाख रप के बारे में सुनकर हक्का बक्का सा रह गया था उसने कहा क्या सच में तुम्हें उस पार्लर में 5 लाख मंथली सैलरी दी जाएगी वह हैरत से मुझसे सवाल कर रहा था वह यकीन नहीं कर पा रहा था मैंने खुश होकर उसे बताया कि वह औरत मुझे कोई महंगी क्रीम ट्राई करने के लिए अपने पास रखना चाह रही है यह काम सच में बहुत खतरनाक था उस क्रीम का उल्टा असर भी हो सकता था इसलिए वह मुझे ₹ लाख देगी रितेश सोच में पड़ गया था

 मुझे डर था कि कहीं वह नाराज ना हो जाए मैं जल्दी से कहने लगी रितेश तुम परेशान मत हो मेरे लिए पैसों से बढ़कर तुम्हारी खुशी है मैं कहीं और काम ढूंढ लूंगी और इस औरत को जाकर इंकार कर दूंगी वह अचानक कहने लगा नहीं रुको उसे इंकार मत करो काम तो ठीक है तुम ब्यूटी पार्लर में ही तो काम कर रही हो किसी गलत जगह तो काम नहीं कर रही तुम चाहो तो वहां पर काम कर सकती हो मैंने रितेश की बात सुनकर कहा कि ठीक है मैं अब इंकार नहीं करूंगी उसके पास कोई ऐसा काम ढूंढू गी

 जिससे मुझे कोई नुकसान ना पहुंचे भले ही सैलरी थोड़ी कम हो रितेश हंस पड़ा और कहने लगा कि दूसरा काम क्यों यह काम भी तो अच्छा है हम एक दूसरे से प्यार करते हैं हमारी इंगेजमेंट तो हो चुकी है और शादी भी हो जाएगी तुम्हें किस बात का डर है वह कहने लगा कि एक लड़की के लिए जिंदगी में सबसे जरूरी उसकी शादी होती है

 

 

वह इसलिए खुद को हर खतरे से बचाकर और सवार कर रखती है जबकि मैं तुम्हें हर हाल में एक्सेप्ट करने के लिए तैयार हूं तो फिर तुम्हें किस बात का डर है तुम वह काम मत छोड़ो हम दोनों की सारी जिंद जिंदगी सवर जाएगी रितेश ने पैसों का सुनकर अपना इरादा बदल लिया था 

और मुझे भी समझाने लगा और मैं उसके समझाने पर बेफिक्र हो गई थी रितेश एक आम इंसान था मेरी तरह उसे भी अच्छी जिंदगी गुजारने का शौक था गरीबी तो शायद किसी को पसंद नहीं होती मैं सोचने लगी कि वह मुझे अच्छी जिंदगी देने के लिए इतनी मेहनत कर रहा है तो फिर मेरा भी हक बनता है कि मैं उसका साथ देती अब तो रितेश मेरा साथ दे रहा था उसके बाद तो मुझे कोई डर ही नहीं नहीं रहा मैं इस औरत के पास काम करने लगी वह बहुत मेहरबान औरत थी वहां पर नौकरी करने के बाद वह मेरी मालकिन बन चुकी थी

 मगर उसके बिहेवियर में कोई भी चेंज नहीं आया था वह मेरी खूबसूरती और मासूम चेहरे की दीवानी हो गई थी पहले दिन पार्लर की मालकिन ने मुझे एक क्रीम चेहरे पर लगाने के लिए दी उसने मुझसे कहा कि अंदर कमरे में शीशा लगा हुआ है उसके सामने बैठकर ठीक से क्रीम लगाकर मसाज करना मैं इस छोटे से कमरे में आ गई थी कमरे की हालत बहुत अच्छी थी यह कमरा पार्लर में ही बना हुआ था बहुत साफ सुथरा और खूबसूरत और कमरे में फैली हुई खुशबू मुझे सुकून पहुंचाने लगी थी चेहरे पर क्रीम लगाते ही मुझे चक्कर आने लगे थे

 इसलिए मैं बिस्तर पर लेट गई और अगले ही पल में बेहोश हो चुकी थी मुझे नहीं पता था कि मैं कहां पर हूं जब मैं जागी तो शाम हो रही थी पार्लर की मालकिन ने मुझे ₹ लाख रप देकर घर भेज दिया था मैं खुश हो गई कि ठीक है है इतने आसान काम के मुझे इतने ज्यादा पैसे मिल रहे थे लेकिन मैं नहीं जानती थी कि मेरे साथ क्या होने वाला था पार्लर की मालकिन हर रोज यही करती थी मुझे क्रीम लगाने के लिए कमरे में भेज देती और कमरे को बाहर से बंद कर देती थी कमरे में खुशबू फैली हुई होती थी और धीमी सी रोशनी डरावना सा माहौल पैदा करती थी

 वह क्रीम लगाते ही मैं फौरन बेहोश हो जाती थी शुरू में तो मुझे कुछ समझ ही नहीं आया था कि मेरे साथ क्या हो रहा है यह पार्लर की मालकिन ना जाने मुझे किस तरह की क्रीम लगाने के लिए दे रही थी मगर मालकिन का एक्सपेरिमेंट कामयाब रहा था खूबसूरती की क्रीम लगाने की वजह से सच में मेरी खूबसूरती में बढ़ावा होने लगा था मेरे चेहरे का रंग दूध की तरह सफेद हो गया था मेरी बहनें भी यह बात मुझे कई बार बता चुकी थी कि मेरा चेहरा दिन बदिरा होता जा रहा है मैं बहुत खूबसूरत हो गई थी 

रितेश मुझसे वीडियो कॉल पर बात करता तो खुशी से फूला नहीं समा आता था वो मुझसे कहता कि तुम्हारा फैसला ठीक था तुम्हारी खूबसूरती तो और बढ़ गई और तुम पैसे भी कमाने लगी हो हर टाइम मुझे देखने के लिए वीडियो कॉल करता रहता था और वह मुझे देखकर अपनी बेताबी का इजहार करने लगा था उसकी मोहब्बत पहले से और ज्यादा बढ़ गई थी मैं अपनी किस्मत पर जितना घमंड करती मुझे कम लगता था मगर एक दिन मैं क्रीम लगाकर कमरे में बंद हुई तो जागने पर मुझे बहुत थकान महसूस हो रही थी

 मेरा सर बुरी तरह से चकरा रहा था मेरा शरीर बुखार से जल रहा था पार्लर की मालकिन ने मेरी बिगड़ती हुई तबीयत देखकर मुझे फौरन घर भेज दिया घर जाकर भी मैं बेहोश हो गई थी अगले दिन मेरी तबीयत कुछ बेहतर हुई तो अपनी हालत देखकर मेरे होश उड़ गए थे मेरे शरीर पर अजीब तरह के निशान थे और मैं ऐसे नुकसान का शिकार हो चुकी थी जिसकी भरपाई मुमकिन नहीं थी मेरा शरीर डर से कांप उठा था मुझे एहसास हुआ कि मैं कुवारी नहीं रही थी इसका मतलब यह था कि मेरी इज्जत के साथ कोई खेल रहा था मैं रोने लगी थी और यह बात मैंने किसी को नहीं बताई थी

 मैंने अपनी बहनों से भी छुपा ली थी मगर उस पार्लर पर पहुंची तो पार्लर की मालकिन से बात किए बिना नहीं रह पाई मैं बुरी तरह से रो रही थी पार्लर की मालकिन कहने लगी कि फिक्र मत करो कोई इतना बड़ा नुकसान नहीं हुआ है कि तुम उसके लिए परेशान हो रही हो आजकल हर परेशानी का हल है पार्लर की मालकिन मुझे तसल्ली देते हुए सुकून से बोली तो मुझे उन पर कुछ शक हुआ था वो औरत इतने बड़े नुकसान पर भी इतनी बेफिक्र हो रही थी जबकि मेरी तो जिंदगी ही बर्बाद हो चुकी थी 

मैंने जब उनसे सवाल किया और उनसे बिगड़ने लगी तो वो मुझे घूरने लगी थी कहने लगी कि तुम शराफत का नाटक क्यों कर रही हो अपनी की हुई गलती का इलजाम मुझे मत दो तुम्हारा शरीर है तुम ही जानती होगी तुम्हारी इज्जत किसने खराब की है तुम इतनी भोली तो नहीं हो कि मुझसे सवाल करो मैं उसकी बातों पर शॉक्ड रह गई थी मैंने गरीबी और परेशानी की हालत में भी कभी इतनी घटिया हरकत के बारे में नहीं सोचा था और मम्मी की बीमारी में ही इस तरह के अत्याचार से लड़ रही थी

 मगर आज पहली बार मेरे कैरेक्टर पर सवाल उठा था मेरे इस एक्शन पर पार्लर की मालकिन नरमी से कहने लगी मैं तो तुम्हें बस खूबसूरती बढ़ाने की क्रीम दे रही थी और कमरे में भेज दिया करती थी खूबसूरती की क्रीम से किसी लड़की का कुवारा पन खत्म नहीं हो सकता मैं कहने लगी तुम ना जाने कितने लोगों से मिलती हो तुम्हारे घर में भी कोई मर्द नहीं है तुम अकेली जवान लड़की हो हो सकता है किसी ने धोखे से तुम्हारा नुकसान कर दिया हो मैं उसकी बात पर बुरी तरह से रोने लगी थी

 ऐसा भी कुछ नहीं था कि मैं कोई नादान लड़की थी जिसे इतनी भी समझ ना हो कि किसी ने उसके साथ गलत किया था इस बात को काफी टाइम हो चुका था मैं अपने होश में रहती थी रात को भी मैं अपनी बहनों के लिए सावधान से रहती थी फिर भी मेरे साथ यह हादसा कब और कैसे हो गया था मैं नहीं जान पाई थी मगर मुझे इतना तो जरूर पता ता था कि मेरे साथ यह सब कुछ उस पार्लर में ही हुआ था मगर पार्लर की मालकिन तो कुछ समझने को तैयार ही नहीं थी उल्टा अब वह मुझे अलग तरह की दवाइयां देने लगी थी

 उसने मुझे दवाई खाने के लिए दी थी और कहा था कि उनकी एक दोस्त डॉक्टर है और उन्होंने मेरे बारे में उससे बात की तो उन्होंने मुझे खाने के लिए यह दवाई दी है मैंने सोचा मैं खामोशी से इस काम को छोड़ देती हूं लेकिन इस बारे में रितेश को नहीं बताऊंगी मगर घर के हालात बेहतर होने की वजह से इन्हीं दिनों मेरी दो बहनों के एक साथ एक ही घर के अच्छे रिश्ते आ गए थे मेरी बहनें भी मेरी तरह खूबसूरत थी मेरी कुर्बानी की वजह से घर के हालात बेहतर हो चुके थे रिश्ते बहुत अच्छे थे लड़के वालों की फैमिली बहुत अच्छी थी

 और लड़के बहुत अच्छी जॉब करते थे मैंने मम्मी को इस बारे में बताया तो वह मुस्कुराती हुई आंखों से मुझे देखने लगी थी मैं अपनी बहनों की खातिर रुक गई थी सोचा पहले इनकी शादी के लिए पैसे जमा कर लेती हूं उसके बाद काम छोड़ दूंगी पार्लर की मालकिन ने मेरी परेशानी महसूस की तो मुझे एक ऐसा सॉल्यूशन बताया जो मुझे शॉक कर गया था पार्लर की मालकिन ने मुझे बताया कि उनकी डॉक्टर दोस्त के पास एक ऐसी दवाई है जो लड़की का कुवारा पन वापस कर सकती है मैं तो इस बात पर बड़ी हैरान होकर मालकिन की तरफ देख रही थी

 क्योंकि मुझे इस बात पर यकीन नहीं हुआ था अगर ऐसी कोई दवाई होती तो इतनी लड़कियां कुंवारी ना होने पर सुसाइड करने और डाइवोर्स लेने के बजाय इन दवाइयों का इस्तेमाल कर लेती मैंने मालकिन को जवाब नहीं दिया मगर जब मैंने इस बारे में इंटरनेट पर रिसर्च की तो मैं दंग रह गई थी साइंस ने इतनी तरक्की कर ली थी कि लड़की का कुवारा पन लौटाने का इलाज भी मौजूद था विदेश में तो इस काम के लिए ऑपरेशन भी किए जाते थे और महंगा इलाज भी था 

खुबसूरती की क्रीम आजमाने के बाद भी मेरे लिए मालकिन पर यकीन करना मुश्किल हो रहा था लेकिन मालकिन ने मुझे यकीन दिलाया तो मुझे उनकी बात माननी पड़ गई थी मेरे साथ जो अब हो चुका था उसके बाद मैं किसी को मुंह दिखाने के काबिल नहीं नहीं रही थी मालकिन की बात मानना मेरी मजबूरी थी मैंने कभी नहीं सोचा था कि मालकिन मुझे बेहोश करके कमरे में क्यों बंद कर देती थी मैं उस पर अंधविश्वास करती रही थी और अपनी दिन बदन बढ़ती खूबसूरती और लाखों रुपए कमाने पर खुश होती रहती थी 

मालकिन ने मुझे कुवारा पन लौटाने की दवाई दी थी वह दवाई पानी के साथ देने के बाद मुझे कोई भी फर्क महसूस नहीं हो रहा था मगर मालकिन ने कहा कि बेफिक्र रहो तुम्हारा कुवारा पन लौट आया है अब कोई नहीं जान सकेगा कि तुम कुंवारी नहीं हो मगर खुश होने के बजाय मैं और ज्यादा परेशान रहने लगी थी क्योंकि अब हर बार जब मैं बेहोश होकर उस कमरे में बंद होती तो आंख खुलने पर मेरा शरीर थकान और दर्द में चूर होता था

 जब मैं मालकिन को यह बात बताती तो वह हर बार मुझे तसल्ली देती और कहती कि आजकल बीमारियां बहुत बढ़ रही है इसलिए तुम्हें भी यह सब कुछ हो रहा है लेकिन अब तो मेरी खूबसूरती में भी कोई फर्क नहीं आया था मैं अपने पागलपन की वजह से उसके हाथों का खिलौना बनी रही मगर मुझे कुछ खबर ही नहीं हुई थी काम छोड़ने की बात पर रितेश रिक्वेस्ट करने लगता था कि थोड़ा और इंतजार कर लो थोड़े और पैसे इकट्ठे करो ताकि हम अपना खूबसूरत सा घर खरीद सके उसके बाद तुम चाहो तो काम छोड़ देना मैं बुरी तरह से फंस गई थी

 मैंने एक दिन अपने मोबाइल में कैमरा ऑन करके उस पार्लर के कमरे में रख दिया था इसके बाद मैंने जैसे ही अपने चेहरे पर क्रीम लगाई हमेशा की तरह मैं बेहोश हो गई थी होश में आने पर मेरा शरीर थकान और दर्द से चूर हो रहा था मैंने जब अपना मोबाइल चेक किया तो उसमें वीडियो बन चुकी थी वीडियो देखकर तो मेरे पैरों तले से जमीन निकल गई थी मुझे उस दिन आईडिया हो गया था कि कितने टाइम से मेरा इस्तेमाल किया जा रहा था और मुझे खबर तक नहीं हुई थी 

मालकिन पर अंधा भरोसा करने की वजह से मुझे इतनी बड़ी सजा मिली थी मैं फूट-फूट कर रोने लगी थी इस वीडियो ने मेरे होश उड़ा दिए थे मेरा पूरा का शरीर कांपने लगा था जब मैंने पार्लर की मालकिन को शर्म दिलाई तो वह कहने लगी यह सब तुम्हारी मर्जी से ही हुआ है मैंने तुम्हें पहले ही बताया था कि मैं अपनी क्रीम को ट्राई करने के लिए तुम्हें रख रही हूं और मैंने यह भी बताया था कि तुम्हारी खूबसूरती पर भी दाग लग सकता है और लालच में आकर तुमने इस बात को एक्सेप्ट भी कर लिया था 

अब तुम मुझे इल्जाम क्यों दे रही हो मैं अपने लालच और बेवकूफी पर अपना सर पकड़कर रोने लगी थी पार्लर की मालकिन ने बड़ी चालाकी के साथ मेरा इस्तेमाल किया था और अब इल्जाम भी मुझे ही दे रही थी उसका कहना था कि मैं तुम्हारा दोबारा से कुवारा पन लौटा दूंगी जब किसी को कोई खबर ही नहीं होगी तो फिर नुकसान कैसा वह मुझे अभी भी लालच दे रही थी उसे बिल्कुल भी अपने किए पर शर्मिंदगी महसूस नहीं हो रही थी मैं फटी फटी आंखों से पार्लर की मालकिन को देख रही थी व यह सब पहले दिन से ही जानती थी

 लेकिन उसने कभी मुझे साफ-साफ नहीं बताया था कि उसने मेरे खूबसूरती पर इस दाग की बात की थी मेरे लड़ने पर वह मुझसे कहने लगी कि ₹ लाख तुम्हें तुम्हारे जिस्म की कीमत पर ही तुम्हें मिलते रहे हैं इसलिए तुम्हारा मुझसे लड़ना बहुत बड़ी बेवकूफी है मेरे सामने तब इस पार्लर वाली औरत का राज खुलकर आया था मैं रोते-रोते बेहाल हो गई थी इस सच्चाई ने मेरे रोंगटे खड़े कर दिए थे मालकिन ने मुझे बताया था कि इस पार्लर में कुछ मर्द अपनी मसाज करवाने के लिए आते हैं

 दरअसल वह लोग अपनी मसाज करवाने के लिए नहीं की खूबसूरत लड़कियों के साथ मजे लूटने के लिए आते थे वह सी बिगड़े हुए और अमीर परिवार के होते थे जो मेरे पार्लर की मालकिन को उनकी मु मांगी रकम देकर जाते थे दरअसल यह कोई पार्लर नहीं था बल्कि एक छुपा हुआ कोठा था जहां पर पार्लर की मालकिन इसी तरह से पार्लर की आड़ में नई-नई लड़कियों को अपनी बातों में ले लिया करती थी वह ऐसे ही लड़कियां होती थी जो इस औरत की बातों में आ जाती थी जो मुझ जैसी बेवकूफ और मजबूर होती थी

 और फिर जब एक बार कोई लड़की यहां से पैसे कमाने लग जाती तो वह दोबारा यहां से वापस नहीं जा सकती थी और ना ही इस काम को छोड़ सकती थी इस छोटे से पार्लर पर कभी लोगों की नजर ही नहीं गई थी कि यहां पर पार्लर की आड़ में कुछ गलत काम किए जा रहे हैं लोग नहीं जानते थे कि मालकिन ने पार्लर की आड़ में यहां पर लड़कियों का धंधा किया हुआ है वह उन अमीर बिगड़े हुए लड़के और आदमियों के साथ मुझे बेहोश करके उनके सामने डाल दिया करती थी और फिर वह मेरे शरीर को नोच रहते थे

 मुझे इस बारे में कभी पता ही नहीं चल सका और उस क्रीम में भी नींद की दवाई मिली हुई होती थी क्रीम को मैं जैसे ही अपने चेहरे पर लगाती तो उसकी खुशबू मेरी सांस में मिल जाती थी और फिर मैं बेहोश हो जाती थी मुझे पता ही नहीं चलता था कि मेरे साथ क्या होता है क्योंकि मैं तो क्रीम लगाने के बाद बेहोश हो जाती थी मुझे अपना होशी नहीं रहता था कि मेरे साथ क्या हो रहा है उस वीडियो में एक 28 साल का जवान लड़का मजे से मुझे अपनी हवस का शिकार बना रहा था मुझे तब पता चला कि मेरी हालत इतनी खराब क्यों होती थी 

क्योंकि इस तरीके से तो पार्लर की मालकिन कई लाख रुपए कमा रही थी और मुझे सिर्फ ₹ लाख देकर उसने मेरी आंखें बंद कर दी थी मेरे पास पैसा तो आ रहा था मेरी बहनों के रिश्ते भी फिक्स हो गए थे मगर अब मेरे पास इज्जत नहीं रही थी मैं उस दिन घर जाकर बहुत रोई थी मालकिन मुझसे झूठ बोलती रही थी कि मैं अपना कुवारा पन वापस पा सकती हूं शायद ऐसी दवाई मौजूद हो लेकिन ऐसी भी कोई दवाई किसी भी डॉक्टर के पास मौजूद नहीं थी 

मुझे बहला फुसलाकर वह अपना कारोबार चमकाते रही उसका असली कारोबार पार्लर का काम नहीं बल्कि लड़कियों का धंधा करवाना ही था क्योंकि वह खुद भी ऐसी ही औरत थी मैं वह काम छोड़ देना चाहती थी मेरे पास इतने पैसे इकट्ठे हो गए थे कि मैं अपनी बहनों की सिंपल तरीके से शादी कर देती मैंने इस बारे में रितेश से बात की तो वह परेशान हो गया मैंने रितेश से कहा कि मैं वह काम छोड़ना चाहती हूं पार्लर में काम करना मुझे पसंद नहीं है और अब मैं थकान का शिकार रहने लगी हूं 

रितेश कहने लगा अगर तुम मेरा साथ दे दोगी तो इसमें क्या परेशानी वाली बात है पार्लर का माहौल चाहे ठीक ना हो इसमें तुम्हारा क्या जाता है तुम तो बस पैसा इकट्ठा करो उसकी बात सुनकर मैं खामोश रह गई थी रितेश मुझसे कहने लगा मैं भी तो यहां रहकर इतनी मेहनत का काम करता हूं मुझे जैसा काम मिलता है मैं कर लेता हूं ताकि हम दोनों का फ्यूचर सिक्योर हो जाए हम गरीबी भरी जिंदगी ना गुजारे तुम तो खुशनसीब हो जिसको तुम्हारी खूबसूरती के बिना पर इतना आसान काम मिल गया

 मैं उसे क्या बताती कि मैं इस काम की कितनी बड़ी कीमत चुका चुकी हूं उसे ऐसा लगता था कि मुझे सिर्फ अपने चेहरे पर क्रीम लगाने से इतना ज्यादा पैसा मिल रहा है वह कहने लगा मैं यहां पर धक्के खा रहा हूं और यहां पर लोगों का नौकर बना हुआ हूं मेरी सारी पढ़ाई मेरी रेपुटेशन सब कुछ यहां पर खाक हो चुका है तुम्हें क्या पता कि आज के जमाने में पैसा कमाना कितना मुश्किल है वह मुझसे नाराज होने लगा क्योंकि वह नहीं जानता था कि मैं नौकरी क्यों नहीं छोड़ना चाहती थी

 रितेश की जिद और उसके बार-बार समझाने की वजह से मुझे यह काम करना पड़ा मैं उसे सच बताने से डर गई थी कि मेरी इज्जत ना जाने कितने मर्दों के हाथों नीलाम हो चुकी है मुझे डर था कि रितेश ये सुनकर मुझे कभी एक्सेप्ट नहीं करेगा क्योंकि उसने मुझे पहले दिन ही यही बात कही थी कि कोई ऐसा नुकसान ना कर बैठना जो मेरे लिए एक्सेप्ट करना मुश्किल हो जाए वह मेरी खूबसूरती पर दाग बर्दाश्त कर लेता मगर शायद मेरी इज्जत पर दाग बर्दाश्त नहीं कर सकता था मैं अपने लालच पर पछताने लगी थी 

काश मैं वह काम करने से इंकार कर देती उस औरत ने मेरी इज्जत की बिल्कुल परवाह नहीं की थी हालांकि मैं उसे बता चुकी थी कि मैं सिर्फ इज्जत बचाने की खातिर उसके पास जाने पर मजबूर हुई थी उसने यह सब कुछ जानते हुए भी मुझे खिलौने की तरह मर्दों के हवाले कर दिया था मुझे अजीब सी घुटन होने लगी थी मगर अब उस पार्लर वाली मालकिन के लिए मेरे दिल में नफरत बढ़ गई थी रितेश मुझसे मोहब्बत का इजहार करता था तो मैं रोने लग जाती थी मुझे लगने लगा था कि उसे मेरी थकान और उदासी भी महसूस नहीं होती

 वह सिर्फ फ्यूचर के सपने देखता था और मैं चुपचाप उसकी बातें सुनती रहती थी मैं जानती थी कि अब मैं रितेश के काबिल नहीं रही हूं मेरी बहनों के ससुराल वाले जल्दी शादी करने के लिए कह रहे थे तो मैंने उनकी शादी की डेट फिक्स कर दी थी अपनी शादी का सपना मैंने अपनी आंखों में ही बंद कर लिया था मैं मालकिन से बदला लेना चाहती थी इस औरत ने मेरी जिंदगी बर्बाद कर दी थी रितेश मुझे खुशी से बताने लगा कि वह जल्द ही वापस लौट कर आएगा और मुझसे शादी कर लेगा मैं घुट-घुट कर अकेले में रोती रहती थी

 अगर मैं सच छुपाकर शादी कर भी लेती तो रितेश सच्चाई जानने के बाद पहले दिन ही मुझे डाइवोर्स दे देता मैं सबके सामने जलील होकर रह जाती मैं मालकिन के करीब होने लगी थी उसका भरोसा जीतने की कोशिश करने लगी थी अब मालकिन ने मेरी रिक्वेस्ट पर कुछ टाइम के लिए एक और खूबसूरत लड़की को इस काम में शामिल कर लिया था मैंने छुपकर मालकिन के पास आने वाले कुछ अयाश लड़कों को एक ही टाइम पर आने का मैसेज कर दिया और मालकिन को जूस में नशे की दवाई मिलाकर उसे कमरे में भेज दिया

 जब उन लड़कों ने मालकिन को देखा तो उनकी आंखों में चमक जाग उठी थी मालकिन तो जवान और बहुत खूबसूरत थी मैंने मालकिन को लड़कों के हवाले कर दिया और मौके पर ही पुलिस को बुला लिया था मैं हमेशा के लिए इस पार्लर से निकल आई थी मालकिन को पहले उन लड़कों ने इस्तेमाल किया फिर गैर कानूनी धंधा करने पर इन सबको पुलिस पकड़ कर ले गई मैंने अपना बदला ले लिया था अब मैं बेफिक्र हो गई थी मैंने अपनी बहनों की भी शादी कर दी थी अपनी मम्मी का इलाज भी करवा लिया था

 और फिर अब मैं एक अस्पताल में रिसेप्शनिस्ट की नौकरी कर रही हूं वहां से मुझे बेइज्जती के 5 लाख तो नहीं बल्कि इज्जत के 000 जरूर मिल रहे हैं इस कमाई से कम से कम मेरा गुजारा बहुत अच्छे तरीके से हो रहा है और मैं बहुत बेफिक्र हूं कुछ दिनों के बाद ही रितेश भी वापस आ गया था सच जानने के बाद मेरी सोच के मुताबिक रितेश ने मुझे छोड़ा नहीं था बल्कि मुझसे माफी मांगने लगा था कि उसके लालच ने मुझे यह समय भी दिखा दिया था वह जानता था मैं मासूम हूं मैं उससे बहुत प्यार करती हूं 

और मैं उसके अलावा किसी और की तरफ देख भी नहीं सकती मेरे साथ यह सब कुछ उस मालकिन ने धोखे से किया था वह आज तक अपनी गलती पर बहुत शर्मिंदा है उसने मुझे कभी इस बात का ताना तक नहीं दिया था कि मेरी इज्जत लुट चुकी है बल्कि उसने मुझे खुले दिल के साथ एक्सेप्ट किया और मुझसे खुशी-खुशी शादी कर ली मेरी जिंदगी तो रितेश के साथ बहुत अच्छी गुजर रही है 

हर लड़की को रितेश जैसा लाइफ पार्टनर नहीं मिल सकता इसीलिए आप लोग सावधान रहिए मैं उन सारी लड़कियों को खबरदार कर देना चाहती हूं जो मजबूर पूरी और गरीबी के हालात में आकर अपनी आंखें बंद करके हर काम को करने के लिए तैयार हो जाती हैं इसलिए मैं आप सबसे कहना चाहती हूं कि सोच समझकर अपना फैसला कायम किया करें क्योंकि पैसा तो हाथ का मेल होता है आता जाता रहता है लेकिन इज्जत एक बार जब चली जाती है तो दोबारा वापस नहीं आती इसलिए किसी पर भी इस तरह से अंधा भरोसा ना करें 

जैसे मैंने मालकिन पर किया था वो तो एक औरत थी लेकिन बहुत सारी ऐसी लड़कियां होती हैं जो मर्दों पर भी भरोसा कर लेती हैं और उनकी हवस का शिकार बन जाती हैं मैं आप लड़कियों से रिक्वेस्ट करना चाहती हूं कि प्लीज अपनी आंखें खोल लीजिए आप अपने हालातों से इतना मजबूर ना हो जाएं कि दूसरों की हवस का शिकार बन जाएं हालात तो आज बुरे हैं कल बेहतर भी हो जाएंगे लेकिन अपना ख्याल रखिए और सोच समझकर अपनी जिंदगी में आने वाले हर काम का फैसला करिए 

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